मेरी माटी,मेरा देश
मेरी माटी , मेरा देश मेरी माटी , मेरा देश , गौरव से भरपूर , झरने-नदियां-पहाड़-खेत-बगीचे मनोहर समृद्ध सुंदर , भव्य प्रकृति-संपदा यहाँ सांस्कृतिक विरासत मूल्यवान धरोहर। साहस , संकल्प , और समर्पण की धरती , मेरा देश है अनेकता में एकता की स्थली , भारत माता की जय , वन्दे मातरम् भरती। मेरी माटी , मेरा देश , मेरा प्यार , सुनहरे सवेरे की किरनों का आगमन यहाँ ऊँचे शिखरों से समुंदर के गहरे तल तक मेरी माटी , तुझमें ही है मेरा जीवन , तू है मेरी आत्मा का आधार , जब-जब स्पर्श करती हूँ तुझे , मेरी माटी , तब-तब होता है मेरा उद्धार ॥ हर धर्म , जाति , और भाषा का गौरव है यहाँ , मेरा देश! मेरी माटी! तू ही है मेरी पहचान , हम सब एक साथ बसते-साथ मिलकर बढ़ते जीवनदायिनी! तू ही तो मेरी आन-बान-शान ॥ "मेरी माटी , मेरा देश" एक उदात्त भावना है , जो हर भारतीय के दिल में बसी है। हम सभी के लिए हमारी माटी और हमारा देश अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। यह न केवल हमारी जन्मभूमि है , बल्कि हमारी पहचान और आत्मविश्वास का प्रतीक भी है। "मेरी माटी , मेरा देश" यह वाक्य हमारे दिलों को छू लेने वाला है , क्यों...