संशोधित ब्लूम वर्गीकरण पर आधारित विशिष्ट उद्देश्य लेखन
संशोधित ब्लूम वर्गीकरण पर आधारित विशिष्ट उद्देश्य लेखन संशोधित ब्लूम वर्गीकरण शिक्षण एक सतत प्रक्रिया है , जहां शिक्षार्थी के व्यवहार में अपेक्षित परिवर्तन के उद्देश्य से शिक्षण अधिगम की योजना बनाई जाती है । ये अपेक्षित व वांछित परिवर्तित व्यवहार ही सीखने के प्रतिफल माने जाते हैं ।समसामयिक विद्यालय शिक्षण व्यवस्था में शिक्षण की प्रभावशीलता एवं विद्यार्थी के अधिगम की संप्राप्तियों का मापन सीखने के प्रतिफल द्वारा ही किया जाता है ।राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद के द्वारा 2017 में प्राथमिक एवं 2019 में माध्यमिक कक्षाओं के लिए इसे इस उद्देश्य से प्रकाशित किया गया कि शिक्षण प्रक्रिया की प्रभावशीलता को निर्धारित कर वांछित सुधार हेतु फीडबैक (प्रतिपुष्टि) प्राप्त किया जा सके । राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) द्वारा विकसित सभी राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखाओं में शिक्षा की गुणवत्ता को प्रमुख लक्ष्य के रूप में शामिल किया गया है । इनमें इस बात पर बल दिया गया है कि सभी बच्चों को सीखने के मूलभूत अवसर उपलब्ध हों , वैश्विक नागरिक बनने के लि...